गिरिडीह के हरिचक स्थित पार्टी के जिला कार्यालय में कोरोना की चुनौतियों पर एक कार्यशाला का आयोजन किया गया। गिरिडीह भाजपा द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम में पूर्व मुख्यमंत्री रघुवर दास, कोडरमा सांसद अन्नपूर्णा देवी भी शामिल हुए। दोनों ने राज्य की हेमंत सरकार पर जमकर भड़ास निकाली ।
गिरिडीह में कार्यकर्ताओं को संबोधित करते पूर्व सीएम रघुवर दास
जमीन, बालू और कोयला लूटने वालों को माफिया नहीं तो और क्या कहेंगे- रघुवर
रघुवर दास ने हेमंत सोरेन के नेतृत्व में चल रही गठबंधन सरकार को माफियाओं की कठपुतली बताते हुए कहा कि बालू, कोयला के साथ अब राज्य की सरकारी जमीन को लूटा जा रहा है और हेमंत सरकार का संरक्षण वैसे लोगों को हासिल है । उन्होने कहा कि झूठ की बुनियाद पर सत्ता में आई हेमंत सरकार कोई वादा पूरा नहीं कर रही है। सरकार में कालाबाजारीओं का बोलबाला है।
पैसे लेकर की जा रही ट्रांसफर-पोस्टिंग
रघुवर दास ने कहा कि इस सरकार को अब माफियाओं द्वारा ही चलाया जा रहा है । बीडीओ-सीओ के तबादले में पैसों की उगाही हो रही है तो बड़े-बड़े पद भी पैसों के बलबूते ही बांटे जा रहे हैं ।
गिरिडीह पहुंचने पर पूर्व मुख्यमंत्री का स्वागत करते भाजपा कार्यकर्ता
कोरोना संकट के दौरान सोये रहने वाले लोग अब मोदी सरकार को कोस रहे हैं- अन्नपूर्णा देवी
कोडरमा सांसद अन्नपूर्णा देवी ने कहा कि जिस वक्त संक्रमण पीक पर था और लोगों की सांसे टूट रही थीं, उस वक्त भाजयुमो के कार्यकर्ता खुद को जोखिम में डालकर संक्रमण से लड़ने वालों का सहयोग कर रहे थे । उन्होने कहा कि कई विकसित देशों ने कोरोना के कारण घुटने टेक दिये । लेकिन जनता ने एक उम्मीदों वाला पीएम चुना तो पीएम मोदी उम्मीदों को टूटने कैसे देते । लिहाजा, पिछले एक साल में महामारी के बीच मोदी सरकार ने चुनौतियों से निपटने के लिए ऑक्सीजन प्लांट बनाने शुरू कर दिये ।
अन्नपूर्णा देवी ने कहा कि आत्मनिर्भर भारत की झलक इसी कोरोना काल में दिखी जब देश में एक साल के भीतर ही पीपीई किट का निर्माण शुरू कर दिया गया । इतना ही नही दो स्वदेशी वैक्सीन बनी और अब तक पूरे देश में 33 करोड़ लोगों को वैक्सीन लगायी गयी क्योंकि 195 देशों में भारत पांचवें स्थान पर है जिसने खुद की दो स्वदेशी वैक्सीन का निर्माण किया ।
पत्रकार शचिंद्र कुमार दाश को सम्मानित करते केंद्रीय मंत्री
सरायकेला: जिला तीरंदाजी संघ द्वारा आयोजित सम्मान समारोह को संबोधित करते हुए केंद्रीय मंत्री सह राष्ट्रीय तीरंदाजी संघ के अध्यक्ष अर्जुन मुंडा ने कहा कि कोरोना काल में भी हमारे तीरंदाजों ने विश्व विजेता बन कर यह साबित कर दिया कि संघर्ष इस माटी में है। अंतर्राष्ट्रीय क्षितिज में देश का परचम लहराने वाले इन खिलाड़ियों को बधाई देते हुए उन्होंने उन्हें सम्मानित किया। श्री मुंडा ने कहा हमारा लक्ष्य ओलंपिक में पदक हासिल करना है। उन्होंने देश में तीरंदाजी को बढ़ावा देने के लिए अपने भविष्य के कार्य योजना की जानकारी देते हुए कहा कि देश के 600 एकलव्य विद्यालयों में तीरंदाजी को अनिवार्य कर दिया गया है। उन्होंने विशेषकर तीरंदाजी के क्षेत्र में झारखंड की उपलब्धियों की सराहना की। द्रोणाचार्य अवॉर्डी एवं विश्व विजेता टीम के कोच श्रीमती पूर्णिमा महतो ने महामारी में संघर्ष के बावजूद अपने खिलाड़ियों द्वारा लक्ष्य को साधने की प्रशंसा की।
तीरंदाज कोमालिका बारी को सम्मानित करते केंद्रीय मंत्री अर्जुन मुंडा
इस दौरान विश्व विजेता टीम के खिलाड़ी कोमालिका बारी, अंकिता भगत के साथ साथ ओलंपियन लक्ष्मी रानी माझी, प्रशिक्षक पूर्णिमा महतो, बी एस राव, हिमांशु मोहंती को भी सम्मानित किया गया। विश्व खेल पत्रकार दिवस के अवसर पर पत्रकारिता से जुड़े शचिंद्र कुमार दाश, मोहम्मद दिलदार, पिनाकी रंजन, रति रंजन, लखिंद्र नायक आदि को सम्मानित किया गया। तीरंदाजी संघ ने विश्व विजेता दीपिका कुमारी को शिक्षा देने वाली राजकीय कन्या मध्य विद्यालय की शिक्षिका पंकजिनी दास, उमा कुमारी, सुजाता दास एवं सुष्मिता भी सम्मानित हुए। इस कार्यक्रम में पूर्व विधायक लक्ष्मण टुडू, गणेश महाली, उदय सिंह देव, विजय महतो, प्रशिक्षक हरेंद्र कुमार एवम सुमित कुमार मिश्रा, उत्तम कुमार मिश्रा, प्रभाकर मंडल, सुधीर मंडल, रामानाथ महतो, अभिषेक आचार्य, अमित केशरी, मोहम्मद मुजाहिद खान सहित कई लोग उपस्थित थे। कार्यक्रम का संचालन जिला तीरंदाजी संघ के सचिव सुमंत महंती ने किया।
1 जुलाई से झारखंड स्थित सेल के सभी खदान और कोलियरी बोकारो स्टील प्लांट के अधीन आ गए हैं । अब इन खदानों और कोलियरी का संचालन सीधे बीएसएल के निदेशक प्रभारी की देख-रेख में होगा ।
इस बीच सेल के रॉ मैटीरियल डिवीजन के संगठनात्मक परिवर्तन के खिलाफ कोलकाता स्थित रॉ मैटीरियल डिवीजन एम्प्लाइज यूनियन द्वारा कोलकाता उच्च न्यायालय में दर्ज रिट याचिका को माननीय कोलकाता उच्च न्यायालय ने खारिज कर दिया है । कोलकाता उच्च न्यायालय ने अपने आदेश में कहा है कि सेल एक कमर्शियल संगठन है और व्यवसाय से संबंधित अपने निर्णय ले सकता है । न्यायालय ने यह भी कहा कि रॉ मैटीरियल डिवीजन के संगठनात्मक परिवर्तन से इस इकाई में कार्यरत कर्मचारियों की सेवा के शर्तों में कोई बदलाव नहीं हुआ है और उनका सेल के किसी भी इकाई में स्थानांतरण हो सकता है ।
इस आदेश के बाद अब कोलकाता स्थित रॉ मैटीरियल डिवीजन के कुछ कर्मचारियों की पोस्टिंग बोकारो स्टील प्लांट में हो सकती है।
रामगढ के कुरुवाकिता गांव में निर्मानाधीन आंगनवाड़ी केंद्र
प्रतिनिधि रामगढ बाल विकास परियोजना और मनरेगा के संयुक्त राशि 6 लाख रुपये के लागत से बनने वाले कई आंगनवाड़ी केंद्र वर्षो से लंम्बित है जिसे देखने वाला कोई नही है । भालसुमर पंचायत के लक्षमीपुर तथा कुरुवाकिता गांव में विगत दो वर्षो से भी ज्यादा समय से मात्र जमीन सतह से पांच फीट दीवार खडा करके छोड दिया है, जिसके कारण केंद्र में बच्चों की पढाई होने के बजाय आंगनबाड़ी सेविकाओं को अपने घर के बाहर बच्चों को बिठाना पडता है ।
इसके अलावे आंगनबाड़ी के अन्य सरकारी कार्यो में समान रखरखाव में काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। वहीं बिचौलिये और विभागीय पदाधिकारी की मिलिभगत से आंगनबाड़ी केंद्रों के निर्माण राशि का आधे से अधिक डकार चुके है । इस मामले में रामगढ बीडीओ अमल कुमार ने बताया कि निर्मानाधीन आंगनवाडी केंद्रों का काम शीध्र ही शुरु कराया जायेगा ।
कोलकाता। बंगाल विधानसभा का बजट सत्र शुक्रवार को पहले से अनुमान के मुताबिक भारी हंगामे के साथ शुरू हुआ। हंगामे के कारण राज्यपाल जगदीप धनखड़ अपना बजट अभिभाषण पूरा पढ़ भी नहीं पाए और चार मिनट में ही इसे समाप्त कर विधानसभा भवन से बाहर निकल गए। राज्यपाल ने दोपहर ठीक दो बजे जैसे ही अपना अभिभाषण पढ़ना शुरू किया, भाजपा विधायकों ने विधानसभा अध्यक्ष के आसन के सामने आकर नारेबाजी शुरू कर दी।
सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस के विधायकों द्वारा राज्यपाल के विरोध की आशंका को देखते हुए पहले से ही इसका अनुमान था। इसके कारण भाजपा विधायकों ने पहले ही नारेबाजी शुरू कर दी जिसके कारण पूरा पढ़े बिना राज्यपाल ने चार मिनट में ही अपना बजट अभिभाषण समाप्त कर दिया। दरअसल, धनखड़ ने पहले ही साफ कर दिया था कि जो सरकार ने लिखकर भेजा है, वो सदन में वह हुबहू नहीं बोलेंगे। लेकिन उससे पहले भाजपा विधायकों ने ही राज्य सरकार के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। भाजपा विधायकों ने सदन में भारत माता की जय के भी नारे लगाए। नारेबाजी के कारण राज्यपाल ने चार मिनट में भी जो वक्तव्य रखा वह किसी को सुनाई नहीं दी।
लखनऊ।उत्तर प्रदेश के नवनियुक्त पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) मुकुल गोयल ने शुक्रवार को राज्य के पुलिस विभाग के मुखिया का कार्यभार संभाल लिया है। उन्होंने कहा कि कानून व्यवस्था को और सुदृढ़ बनाना ही प्राथमिकता है। सभी को सुरक्षा का अहसास दिलाना ही पुलिस की प्राथमिकता है। अपराध नियंत्रण जनता की मदद के बिना संभव नहीं है। उन्होंने कहा कि पुलिस को और संवेदनशील बनकर जनता के पास जाना होगा।
डीजीपी मुख्यालय में पत्रकारों से बातचीत में मुकुल गोयल ने कहा कि पांच वर्षों के बाद लखनऊ आया हूं। नए डीजीपी ने कहा कि कई बार छोटे-छोटे अपराधों की अनदेखी बड़ी घटनाओं को जन्म देती है। पुलिसकर्मियों को अधिक संवेदनशील होकर हर छोटी घटना में करवाई का संदेश भी देना होगा। मैं चाहूंगा कि अधिकारी फील्ड में जाएं और थाना स्तर पर पीड़ितों की सुनवाई और कार्रवाई की समीक्षा करें।
भारतीय जनता पार्टी अनुसूचित जाति मोर्चा, रांची महानगर की पहली कार्यसमिति की बैठक शुक्रवार को स्व. गामा सिंह सभागार, रातू रोड में आयोजित की गई। मौके पर भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष सह विधायक चंदनकियारी अमर कुमार बाउरी ने कहा कि जब से राज्य में हेमंत सोरेन की सरकार आयी है तब से राज्य के अनुसूचित वर्ग के लोगों पर अत्याचार बढ़ा है।
कार्यक्रम में पहुंचे रांची विधायक सी पी सिंह को बाबा साहब अंबेडकर की जीवनी भेंट करते अमर बाउरी
जामताड़ा के चिरुडीह में दलित परिवार को उनके घर से बेघर कर दिया गया। एक लंबे संघर्ष के बाद मोर्चा के प्रयास से पीड़ित परिवार को घर मे दाखिल करवाया गया, लेकिन अभी तक किसी भी आरोपी की गिरफ्तारी नही हुई है। उसी तरह मझगांव में दलितों के साथ हुई मारपीट की घटना भी निंदनीय है। इस मामले में भी अभी तक किसी भी आरोपी की गिरफ्तारी नही हुई है। साहेबगंज में दलित की जमीन लूट मामले में मुख्यमंत्री के प्रतिनिधि पंकज मिश्रा के खिलाफ मामला दर्ज हुआ है लेकिन अभी तक कोई भी करवाई उनके खिलाफ नही हुई है।
उन्होंने कहा कि राज्य में दलितों की मौत भूख से हो रही है। दलित महिलाओं के साथ अत्याचार हो रहा है। भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा ऐसे अत्याचार के खिलाफ लगातार आंदोलन कर रही है।
भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा, रांची महानगर की पहली कार्यसमिति बैठक में रांची विधायक सह पूर्व मंत्री सी पी सिंह, भारतीय जनता पार्टी अनुसूचित जाति के प्रदेश प्रभारी बृजमहन राम, भारतीय जनता पार्टी अनुसूचित जाति मोर्चा के राष्ट्रीय मंत्री डॉ जीतू चरण राम, भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा के राष्ट्रीय कार्यसमिति सदस्य नीरज पासवान, महानगर अध्यक्ष के क गुप्ता, पूर्व जिला अध्यक्ष सह प्रदेश कार्यसमिति सदस्य सत्यनारायण सिंह, जिला प्रभारी लोहरदगा मनोज मिश्रा, रांची महानगर के महामंत्री वरुण साहू एवं बलराम सिंह, मोर्चा के कार्यालय मंत्री योगेंद्र लाल, मोर्चा के आईटी सेल प्रभारी राजीव लाल, रांची महानगर प्रभारी राज मोहन राम एवं अन्य कार्यकर्ता उपस्थित हुए।
लखनऊ,। उत्तर प्रदेश में कोरोना संक्रमण के कम होते मामलों के बीच योगी सरकार ने लोगों को और राहत दी है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राज्य में पांच जुलाई से मल्टीप्लेक्स, सिनेमा घर, जिम और स्टेडियम को खोलने के निर्देश दिए हैं। हालांकि इस दौरान कोविड प्रोटोकॉल का पूरा पालन करना होगा। सीएम योगी ने बुनियादी स्वास्थ्य सुविधाएं मुहैय्या कराने के लिए ‘हेल्थ एटीएम’ की स्थापना के भी निर्देश दिए हैं।
सीएम योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को लोकभवन में कोरोना संक्रमण की स्थिति की समीक्षा के दौरान कहा कि प्रदेश में कोरोना महामारी की स्थिति नियंत्रण में है।
लातेहार (चंदवा): रांची चतरा मार्ग पर लातेहार पुलिस अधिक्षक प्रशांत आनन्द के सूचन पर लातेहार एसडीपीओ संतोष कुमार मिश्रा के गुप्त सूचना मिलते ही चंदवा पुलिस निरीक्षक सह थाना प्रभारी मदन कुमार शर्मा के द्वारा टीम गठित कर एक छापामारी दल का गठन किया गया। छापामारी दल का नेतृत्व विकास कुमार शर्मा द्वारा वाहन चेकिंग के दौरान टोरी रेलवे फाटक के पास एक बोलेरो वाहन को रोका गया और उसकी तलाशी ली गई। तलाशी के क्रम में उक्त वाहन के पिछले हिस्से के अंदर का फर्श और छत में बनाए गए बक्सानुमा चेंबर से 150 किलोग्राम गांजा बरामद किया गया।गिरफ्तार व्यक्तियों में प्रकाश सिंह उर्फ अभिषेक सिंह (ग्राम छोटका राजपुर, सिमरी, बक्सर, बिहार), रमन गुप्ता उर्फ मोनू गुप्ता (राजमलपुर, नावापुरा, थाना रसड़ा, जिला बलिया, उत्तर प्रदेश) व रोहित शर्मा (ग्राम बकवइनगर, थाना रसड़ा, बलिया यू .पी. का नाम शामिल है। गिरफ्तार व्यक्तियों के विरुद्ध मादक पदार्थ अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है। इनके पास से पुलिस ने एक बोलेरो वाहन, लगभग 150 किलोग्राम गांजा व 3 मोबाइल फोन बरामद किया है। इस छापामारी दल में पुलिस निरीक्षक सह थाना प्रभारी मदन कुमार शर्मा, पुअनि विकास शर्मा, पुअनि दिव्य प्रकाश, सुनील टूटी, हवलदार भिखारी यादव, आरक्षी मनोज रजक, आरक्षी राजेश महतो, महिला आरक्षी संगीता देवी का नाम शामिल है।
नौडीहा (उज्ज्वल दुनिया): शुक्रवार की सुबह पलामू जिले के नौडीहा थानाक्षेत्र से दो मौत की घटनाएं सामने आई। पहली घटना में थाना क्षेत्र अंतर्गत सरईडिह के खरडीहा-बिसफुटा पुल के समीप ग्रामीणों के द्वारा एक व्यक्ति का शव देखा गया।ग्रामीणों की सूचना पर स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और शव की सिनाख्त में जुट गइ, शव की पहचान नौडीहा के ही खैरादोहर पंचायत अंतर्गत शिल्दा कला (आमवाडीह) गांव निवासी पैंतीस वर्षीय सिकेदर यादव के रूप में हुई है।वही जांच पड़ताल के क्रम में पुलिस ने खैरादोहर से नौडीहा बाजार जाने वाली सड़क से कुछ दूर एक क्षतिग्रस्त बाइक भी बरामद की।नौडीहा थाना प्रभारी रंजीत कुमार ने बताया कि ष्क्षतिग्रस्त बाइक और मृतक के सर और चेहरे पर आई गंभीर चोटों से प्रथमदृष्टया यह घटना सड़क दुर्घटना प्रतीत होती है, उचित समय पर इलाज नहीं मिल पाने के कारण व्यक्ति की मौत हो गई है। शव को कब्जे में ले पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है रिपोर्ट आने के बाद ही कुछ विशेष जानकारी मिल पाएगी।वही दूसरी घटना में नौडीहा के ही नवाताड़ पंचायत में प्रयाग पेट्रोल पंप के समीप एक चालीस वर्षीय युवक का शव पराश के पेड़ से झूलता हुआ बरामद किया गया, शव की पहचान अनिल दास पिता कालिख दास के रूप में की गई है। थाना प्रभारी ने बताया कि शव को मृतक के परिजन पुलिस के घटनाथल पर पहुंचने से पहले ही फंडे से उतार कर अपने घर ले गए थे इसलिए घटना से जुड़ी बहुत सी बाते स्पष्ट कर पाना मुश्किल हो रहा है। हालांकि पुलिस ने शव को कब्जे में ले पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और दोनो घटनाओं की छानबीन में जुट गई है।
गारू (उज्ज्वल दुनिया): गारू थानाक्षेत्र अंतर्गत नइकी डबरी गांव में 10 वर्षीय मासूम के साथ दुष्कर्म का मामला प्रकाश में आया था। डोरी चुनने जंगल गयी मासूम को अकेली पाकर गांव के ही माणिकचंद उरांव उर्फ मंगरू ने इस घिनौनी वारदात को अंजाम दिया था। घटना के बाद से माणिकचंद फरार चल रहा था। अब पुलिस ने आरोपी को चाँपी गांव से गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी वहाँ अपने एक रिश्तेदार के यहां छुपा हुआ था।
क्या है पुरा मामला :- मामला 18 जून का है नइकी डबरी गांव की 10 वर्षीय बच्ची जंगल में डोरी चुनने गई थी। वहां बच्ची को अकेला पाकर माणिकचंद ने उसके साथ दुष्कर्म किया। वहां मौजूद एक बूढ़ी महिला ने जब इस घिनौनी वारदात को देख लिया तो माणिकचंद वहां से फरार हो गया था। पुलिस ने मामले में पीड़िता के परिजनों की लिखित शिकायत पर मामला दर्ज कर लिया था। पुलिस तब से ही आरोपी की तलाश में लगी थी। चाँपी गांव में आरोपी की छिपे होने की सुचना शुक्रवार को गारू थाना प्रभारी रंजीत कुमार यादव को मिली। थाना प्रभारी के निर्देश पर पुलिस टीम ने चाँपी जाकर माणिकचंद को गिरफ्तार कर लिया। थाना प्रभारी रंजीत कुमार ने बताया कि सारी कागजी प्रक्रिया पूरी कर ली गई है। आरोपी को मण्डल कारा लातेहार भेज दिया जाएगा।
सरायकेला: सरायकेला जिला के कुकड़ू प्रखंड के लोग अलग प्रखंड का दर्जा मिलने के दशकों बाद भी मुलभूत सुविधाओं से वंचित है। यहां के लोग वर्षों से विकास की रोशनी से वंचित हो अपने को उपेक्षित महसूस करते हैं। प्रखंड के लोग खासकर सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार आदि मूलभूत सुविधाओं के लिए लालायित है। कुकड़ू प्रखंड में कूल 44 गांव है, औऱ यहां की आबादी 65 हजार के करीब है। अधिकांश लोग गरीब तबके के हैं, और अधिकतर लोग किसान है, जो खेतीबाड़ी कर अपना घरबार चलाते है। कुकड़ू प्रखंड का सृजन वर्ष 2009 में सरायकेला जिला के नीमडीह प्रखंड के पांच पंचायत और ईचागढ़ प्रखंड के चार पंचायत को अलग कर गठन किया गया है। कुकड़ू प्रखंड बने 11 साल बीत गए, लेकिन, अभी तक यहां स्वास्थ्य,शिक्षा,रोजगार जैसे मूलभूत सुविधाओं का घोर अभाव है। वही यहां का युवा वर्ग रोजगार के लिए अन्य राज्य पलायन करने को विवश हैं।
एएनएम के भरोसे स्वास्थ्य व्यवस्था
यदि हम स्वास्थ्य व्यवस्था की बात करे तो पूरे कुकड़ू प्रखंड की स्वास्थ्य व्यवस्था एएनएम के भरोसे चल रहा है। कुकड़ू प्रखंड क्षेत्र के तिरुलडीह में एक प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र है। वही कुकड़ू में और पारगामा के हाईतिरुल में स्वास्थ्य उपकेंद्र है, जो केवल नाम मात्र के लिए है। जहां भवन तो है। लेकिन, संसाधन नहीं है। न तो जांच की व्यवस्था और न ही डॉक्टर की व्यवस्था है। डॉक्टर के अभाव में लोगों को यहां से स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ नहीं मिल पा रहा है। इलाज के लिए ग्रामीण जमशेदपुर, रांची,पुरुलिया जाने को विवश हैं। इधर तिरुलडीह प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र की बात करे, तो यहां एक एएनएम के भरोसे से पूरा स्वास्थ्य केंद्र चल रहा है। यहां मंगलवार एवं बुधवार को और प्रत्येक माह के 9 तरीख को प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान के कैम्प के दिन डॉ. बलराम मांझी आते है। बाकी दिनों में कोई डॉक्टर की सुविधा यहां नही है। यदि कोई बड़ी घटना हो तो यहां के मरीजों को ईचागढ़ सीएचसी रेफर किया जाता है। यही हाल पारगामा के हाईतिरुल उप प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का भी है। यहां कोई भी डॉक्टर नही आते है, एएनएम ही अस्पताल चलाती है। तिरुलडीह में प्रसव भी नर्स के द्वारा ही किया जाता है।
रोजगार का नही है कोई साधन, वार्षिक खेती पर निर्भर है लोग
कुकड़ू प्रखंड क्षेत्र के लोगो का रोजगार का कोई साधन नही है। यहां न तो कोई कंपनी है। न ही अन्य कोई रोजगार का साधन। यहां के लोग सिर्फ वार्षिक धान के खेती पर निर्भर रहते है, अन्य दिनों में किसानों के खेत पानी के अभाव में पूरा खाली रहता है। यदि चांडिल डैम से लिफ्ट इरिगेशन के माध्यम से पानी की सुविधा उपलब्ध करा दी जाए तो लोग चारो सीजन में सब्जियां उगा कर लोग अपना आजीविका चला लेंगे और खुद आत्मनिर्भर बन जायेंगे। वर्तमान में कई लोग मनरेगा योजना में कुछ लोगो का जॉब कार्ड जुगाड़ कर मनरेगा में तालाब,डोभा, कूप निर्माण, टीसीवी जैसे योजनाओं में काम लेकर करवाते है। वही यहां के लोगो दूसरा रोजगार का साधन बालू है, लेकिन बालू घाटों की नीलामी नही होने के कारण बालू का कारोबार करके आजीविका चलाने वाले लोग अक्सर पुलिस-प्रशासन से परेशान रहते है। लोग बताते है कि एक ट्रैक्टर में एक ड्राइवर समेत कुल पांच मजदूर कार्य करते है। जिससे एक दिन में एक मजदूर पांच सौ से सात सौ रुपये मजदूरी करके कमा लेते है। वही ट्रैक्टर मालिक भी खुद का परिवार के साथ ट्रैक्टर का स्टॉलमेंट भी भरते है। जिसके वजह से क्षेत्र में क्राइम भी नही होती है। लेकिन, बालू घाटों की नीलामी नही होने के वजह से मजदूर से लेकर ट्रैक्टर मालिक भी पुलिस-प्रशासन से परेशान रहते है और चोरी छिपे बालू का कारोबार करते है। कई बार बालू का कारोबार करने वाले लोगो के साथ-साथ मजदूरों ने भी स्थानीय प्रशासन से लेकर जिला प्रशासन और विधायक, सांसद तक को पंचायतों बालू घाटों का जिम्मा या टोकन सिस्टम लागू करने की मांग कर चुके है, लेकिन प्रशासन या जनप्रतिनिधियों का ध्यान इस ओर नही जाता है। वही राज्य सरकार भी बालू घाटों की नीलामी की और ध्यान नही दे रही है।
शिक्षा व्यवस्था भी है लचर, सड़के है जर्जर
कुकड़ू प्रखंड क्षेत्र में शिक्षा व्यवस्था भी लचर है। यहां प्राथमिक शिक्षा को छोड़कर, सभी उच्च विद्यालयों में शिक्षकों की घोर कमी है, उच्च विद्यालयों तीन से चार ही शिक्षकों ही पदस्थापित है। वही शिक्षक प्लस टू विद्यालयों में भी पढ़ाते है। वही कुकड़ू प्रखंड में न तो डिग्री कॉलेज है, न तो आईटीआई या पॉलीटेक्निक कॉलेज है। हर चुनाव में चुनाव लड़ने वाले प्रत्याशी डिग्री,आईटीआई और पॉलीटेक्निक कॉलेज खोलने की वादे करते है, लेकिन ये सभी मुद्दे घोषणा पत्र तक ही सीमित रह जाती है। यहां के छात्र-छात्राएं डिग्री की पढ़ाई के लिए करीब 40 किलोमीटर दूर चांडिल या अन्य जगह जाते है। वही अच्छी शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़के और रोजगार देने की वादे की भी यही स्थिति है। ये भी घोषण पत्र तक ही सीमित रह जाती है। यदि हम सड़को की बात करें तो अधिकतर ग्रामीण सड़के जर्जर अवस्था मे है। इसपर कोई जनप्रतिनिधि ध्यान नही देते है। वही लोग बताते है कि चुनाव के समय सभी नेता गांव-गांव वोट मांगने आते है और विकास करने का झूठा आस्वासन देकर चले जाते हैं।
बड़े अधिकारी नही आते क्षेत्र
स्वास्थ्य, शिक्षा और रोजगार जैसे मूलभूत सुविधाओ का न होने का मुख्य वजह बड़े अधिकारियों का क्षेत्र भ्रमण में नही आना है। दरअसल पिछड़ा क्षेत्र होने और सड़क काफी जर्जर होने के वजह से जिले डीसी, एसपी, डीडीसी, एसडीओ समेत बड़े अधिकारी क्षेत्र भ्रमण में नही आते है। यदि कोई अधिकारी एक बार आ भी गए तो सड़क जर्जर होने के वजह से दोबारा नही आना चाहते है। वही यदि विधायक, सांसद आते है भी तो आस्वासन या एक दूसरे को आरोप प्रत्यारोप लगाकर चले जाते है। कोई कहता है कि यह काम केंद्र सरकार का है, तो कोई कहता है यह काम राज्य सरकार का है। वही अधिकारियों के क्षेत्र भ्रमण में नही आने और जनप्रतिनिधियों के आस्वासन का खामियाजा आम लोग भुगतते है।
RKS Construction ने किया है दोनों भवनों का निर्माण
रांची । सीएम हेमन्त सोरेन ने नए झारखण्ड विधानसभा और झारखण्ड उच्च न्यायालय के निर्माण कार्य में बरती गई वित्तीय अनियमितता की जांच ए.सी.बी से कराने का आदेश दिया है।
हाइकोर्ट के अधिवक्ता राजीव कुमार ने दायर की थी जनहित याचिका
झारखंड उच्च न्यायालय में हाई कोर्ट के नए भवन निर्माण में वित्तीय अनियमितता की जांच की मांग वाली जनहित याचिका दायर की गयी थी। हाइकोर्ट के अधिवक्ता राजीव कुमार ने हाई कोर्ट में जनहित याचिका दाखिल की थी। जिसमें कहा गया था कि अधिकारियों और निर्माण करने वाले संवेदक रामकृपाल कंस्ट्रक्शन लिमिटेड की मिलीभगत से वित्तीय अनियमितताएं हुई हैं।
आरकेएस कंस्ट्रक्शन और पूर्व मुख्य सचिव राजबाला वर्मा के बीच मिलिभगत का आरोप
शुरूआत में हाई कोर्ट भवन के निर्माण के लिए 365 करोड़ रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति दी गई थी। बाद में 100 करोड़ घटा कर संवेदक को 265 करोड़ में टेंडर दे दिया गया। वर्तमान इसकी लागत बढ़कर लगभग 697 करोड़ रुपये का हो गया है। बढ़ी राशि के लिए सरकार से अनुमति भी नहीं ली गई और न ही नया टेंडर किया गया। वादी ने इस मामले की जांच सीबीआइ से कराने की मांग की थी। साथ ही, पूर्व मुख्य सचिव व संवेदक की भूमिका की भी जांच की मांग की थी।
बोकारो सेल में हुए ऐतिहासिक हड़ताल के बाद सेल प्रबंधन ने वेज रिवीजन एवं पे रिवीजन के मामले का निष्पादन के दिशा में सक्रिय हो गया है । इस्पात मंत्रालय ने भी संबंध में निर्देश दिया है ।
मिली जानकारी के अनुसार 6 जुलाई को एनजेसीएस की बैठक बुलाने की तैयारी चल रही है । इस संबंध में शुक्रवार तक अधिकारिक तौर पर तिथि घोषित की जा सकती है ।
बोकारो स्टील प्लांट के कास्टर में गिरे ठेका मजदूर को देखते कर्मचारी
बोकारो । बोकारो स्टील प्लांट के एस एम एस 2 सीसीएस इकाई में गुरुवार को हुए एक दुर्घटना में एक ठेकेदार मजदूर की दर्दनाक मौत हो गई। बोकारो स्टील प्रबंधन ने मृतक के आश्रित को नौकरी देने की प्रक्रिया प्रारंभ कर दी है ।
मिली जानकारी के अनुसार प्रभा कंस्ट्रक्शन के कर्मचारी कमलापुर निवासी किशोर टुडू ऊपर काम कर रहा था । अचानक तरल लोहा से भरे डाल मैं गिर गया, जिसके कारण उसका पूरा शरीर जल गया एवं शरीर का एक टुकड़ा भी नहीं बचा ।
स्थानीय थाना की उपस्थिति में पंचनामा किया गया एवं बोकारो स्टील प्रबंधन ने मृतक के आश्रित को नियुक्ति पत्र देने की प्रक्रिया प्रारंभ कर दी है। इसके साथ ही दुर्घटना की जांच प्रारंभ कर दी गई है ।